केवल डिग्री से नहीं स्किल्स सीखने से बनेगा कैरियर

केवल डिग्री से नहीं,
स्किल्स सीखने से बनेगा करियर!
एनीमेशन, वीएफएक्स और गेमिंग इंडस्ट्री में आने वाला है रोजगार का विस्फोट, देश के दिग्गजों ने युवाओं को दिखाया भविष्य का रास्ता
“सिर्फ डिग्री नहीं, स्किल ही भविष्य तय करेगी।” इसी संदेश के साथ लखनऊ में आयोजित “उत्तर प्रदेश एआई एंड एवीजीसी-एक्सआर समिट 2026” में देश के नामी एनीमेशन, वीएफएक्स और फिल्म उद्योग से जुड़े विशेषज्ञों ने युवाओं को करियर की नई दिशा दिखाई।
वक्ताओं ने कहा कि आने वाला दौर क्रिएटिव स्किल्स का है और एवीजीसी-एक्सआर (Animation, Visual Effects, Gaming, Comics & Extended Reality) सेक्टर युवाओं के लिए संभावनाओं का सबसे बड़ा मंच बनकर उभर रहा है।
अगले 5 साल में 20 लाख नौकरियों की संभावना
विशेषज्ञों के अनुसार आज भारत में एवीजीसी-एक्सआर क्षेत्र में करीब 2.2 लाख नौकरियां हैं, लेकिन अगले चार-पांच वर्षों में यह आंकड़ा 10 गुना बढ़कर 20 लाख से अधिक हो सकता है।
मैक (माया अकादमी ऑफ एडवांस क्रिएटिविटी) द्वारा आयोजित इस सम्मेलन में कानपुर के काकादेव स्थित मैक सेंटर से लगभग 200 छात्र और फैकल्टी सदस्य शामिल हुए।
सम्मेलन में रिलायंस एनीमेशन के पूर्व सीईओ आशीष कुलकर्णी, कैनन इंडिया के गौरव मार्कन, वैभव स्टूडियोज के वैभव कुमारेश और एप्टेक लिमिटेड के होल टाइम डायरेक्टर संदीप वेलिंग जैसे दिग्गज मौजूद रहे।
मैक के अधिकारियों ने बताया कि संस्थान 3डी एनीमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग, डिजिटल डिजाइन, फिल्म मेकिंग, वीआर और एआर जैसे आधुनिक इंडस्ट्री आधारित कोर्स संचालित करता है।
👏 उप मुख्यमंत्री के हर वाक्य पर गूंजी तालियां
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से डरने की जरूरत नहीं, बल्कि उसे एक टूल के रूप में इस्तेमाल करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि सफलता के लिए शॉर्टकट नहीं, बल्कि अलग सोच और कड़ी मेहनत जरूरी है।
🎬 सेलेब्रिटी फिल्ममेकर को देख उत्साहित हुए छात्र
हाल ही में रिलीज हुई एनीमेशन फिल्म “नरसिम्हा” की सफलता के बाद अब 29 मई को रिलीज होने जा रही फिल्म “रिटर्न ऑफ द जंगल” को लेकर युवाओं में जबरदस्त उत्साह देखा गया।
फिल्म के डायरेक्टर और प्रोड्यूसर वैभव कुमारेश को अपने बीच देखकर छात्र रोमांचित नजर आए। फिल्म का गाना “जंगलम-मंगलम, शाका लाका, बूम-बूम…” पहले ही सोशल मीडिया पर वायरल हो चुका है।


कानपुर से सुनीत पांडे की रिपोर्ट

