सोनभद्र में खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई: संचारी रोग नियंत्रण अभियान के तहत दुकानों पर औचक छापेमारी
बिंदास बोल न्यूज विशेष संवाददाता | सोनभद्र, उत्तर प्रदेश
सोनभद्र। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा चलाए जा रहे संचारी रोग नियंत्रण अभियान के अंतर्गत जनपद सोनभद्र में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है। जिले में आम जनमानस को स्वच्छ और सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने तथा मिलावटखोरी पर अंकुश लगाने के लिए विभाग द्वारा एक सघन निरीक्षण अभियान चलाया गया। अभियान के तहत विभागीय टीम ने मानक के विपरीत और दूषित खाद्य पदार्थों की बिक्री रोकने के उद्देश्य से विभिन्न क्षेत्रों में औचक छापेमारी कर हड़कंप मचा दिया।
ठेले, खोमचे और मिठाई दुकानों की हुई सघन जांच
निरीक्षण के दौरान खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने सड़कों के किनारे लगने वाले ठेले-खोमचे, फलों एवं सब्जियों की दुकानों, चाट-पकौड़ी, जूस के काउंटरों, कटे हुए फलों, मिष्ठान भंडारों तथा अन्य प्रमुख खाद्य प्रतिष्ठानों का बारीकी से निरीक्षण किया। टीम ने मौके पर खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को परखा और दुकानदारों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
खाद्य कारोबारियों को दिए गए सख्त निर्देश:
- स्वच्छता का पालन: सभी प्रतिष्ठानों और ठेलों पर अनिवार्य रूप से साफ-सफाई बनाए रखनी होगी।
- ढककर रखें खाद्य सामग्री: किसी भी प्रकार का खाद्य पदार्थ खुले में नहीं रखा जाएगा, उन्हें पूरी तरह ढककर रखना अनिवार्य है।
- कटे फलों की बिक्री पर रोक: बीमारी फैलने के खतरे को देखते हुए खुले में कटे हुए फल बेचने पर सख्त पाबंदी रहेगी।
- शुद्ध पेयजल का उपयोग: चाट, जूस और अन्य खाने-पीने की चीजों में केवल स्वच्छ और प्रमाणित पेयजल का ही प्रयोग सुनिश्चित किया जाए।
उल्लंघन करने पर होगी कठोर कानूनी कार्रवाई
अभियान के दौरान खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने दुकानदारों और छोटे-बड़े खाद्य कारोबारियों को ‘खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम’ के कड़े प्रावधानों की विस्तार से जानकारी दी। विभागीय अधिकारियों ने दो टूक शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि जनस्वास्थ्य से खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि भविष्य में जांच के दौरान नियमों का उल्लंघन या लापरवाही पाई जाती है, तो संबंधित कारोबारी के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कानूनी व दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

