114 वर्षों की गौरवगाथा,आईएमए कानपुर ने मनाया स्थापना दिवस
🩺 114 वर्षों की गौरवगाथा
📌आईएमए कानपुर ने मनाया स्थापना दिवस, पूर्व पदाधिकारियों और नए डॉक्टरों का हुआ सम्मान
✨ “सेवा, समर्पण और चिकित्सा उत्कृष्टता की मिसाल है आईएमए कानपुर”
📍 कानपुर। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) कानपुर शाखा द्वारा 114वें स्थापना दिवस समारोह का भव्य आयोजन जितेंद्र कुमार लोहिया ऑडिटोरियम, आईएमए भवन, परेड में किया गया। समारोह में आईएमए के पूर्व अध्यक्षों, पूर्व सचिवों, वरिष्ठ चिकित्सकों, मीडिया प्रतिनिधियों एवं नए सदस्यों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में संगठन के गौरवशाली इतिहास, चिकित्सा सेवा और सामाजिक योगदान की झलक देखने को मिली।
🏛️ 1912 में हुई थी स्थापना, देश की पहली संगठित शाखा
📍आईएमए कानपुर के अध्यक्ष डॉ. अनुराग मेहरोत्रा ने बताया कि कानपुर शाखा की स्थापना 28 मई 1912 को “कानपोर मेडिकल एसोसिएशन” के रूप में मात्र 20 चिकित्सकों द्वारा की गई थी। यह शाखा उत्तर प्रदेश की सबसे पुरानी एवं देश की पहली संगठित आईएमए शाखा मानी जाती है।
उन्होंने बताया कि आईएमए मुख्यालय की स्थापना वर्ष 1928 में हुई थी, जबकि कानपुर शाखा उससे 17 वर्ष पहले अस्तित्व में आ चुकी थी।
«✨ “आईएमए कानपुर शाखा चिकित्सा सेवा, सामाजिक दायित्व और चिकित्सकों के हितों के लिए हमेशा अग्रणी रही है।”
— डॉ. अनुराग मेहरोत्रा»
🏢 2450 सदस्यों वाला बना “टेम्पल ऑफ सर्विस”
डॉ. मेहरोत्रा ने कहा कि आज संस्था के लगभग 2450 सदस्य हैं और बढ़ती सामाजिक जिम्मेदारियों को देखते हुए एक आधुनिक “टेम्पल ऑफ सर्विस” का निर्माण किया गया है। उन्होंने बताया कि आईएमए भवन के निर्माण में उस समय की प्रतिष्ठित हस्तियों और समाजसेवियों का बड़ा योगदान रहा।
🌟 मुख्य अतिथियों ने की आईएमए के कार्यों की सराहना
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. राजीव गोयल, अध्यक्ष आईएमए उत्तर प्रदेश राज्य ने कहा कि कानपुर शाखा प्रदेश की सबसे सक्रिय शाखाओं में से एक है।
विशिष्ट अतिथियों में शामिल रहे—
🔹 सुश्री सौम्या पांडेय (IAS) — अपर श्रम आयुक्त
🔹 डॉ. विपिन टाडा (IPS) — अपर पुलिस आयुक्त (कानून व्यवस्था)
🔹 श्री आनंद कुमार ओझा — एसीपी कलेक्टरगंज
सभी अतिथियों ने आईएमए कानपुर की चिकित्सा एवं सामाजिक गतिविधियों की सराहना करते हुए शुभकामनाएँ दीं।
🎖️ पूर्व अध्यक्षों, सचिवों और नए डॉक्टरों का सम्मान
आईएमए कानपुर की सचिव प्रो. डॉ. शालिनी मोहन ने कहा कि स्थापना दिवस संस्था के गौरवशाली इतिहास और संस्थापक सदस्यों के योगदान को याद करने का अवसर है।
«💬 “114 वर्षों की यह यात्रा सेवा, समर्पण और चिकित्सा उत्कृष्टता की मिसाल है।”
— प्रो. डॉ. शालिनी मोहन»
समारोह में पूर्व अध्यक्षों, पूर्व सचिवों, मीडिया प्रतिनिधियों और नए सदस्यों को सम्मानित किया गया।
🎤 कराओके गीतों ने बांधा समां
कार्यक्रम में चिकित्सकों और सदस्यों ने कराओके की धुन पर गीत प्रस्तुत कर समारोह को यादगार बना दिया। संचालन डॉ. राज तिलक एवं डॉ. रेनू सिंह गहलोत ने संयुक्त रूप से किया। धन्यवाद ज्ञापन डॉ. विशाल सिंह ने प्रस्तुत किया।
⭐ समारोह की खास बातें
✅ 114वां स्थापना दिवस समारोह
✅ 2450 से अधिक सदस्य
✅ पूर्व पदाधिकारियों का सम्मान
✅ नए डॉक्टरों का स्वागत
✅ मीडिया प्रतिनिधियों को सम्मान
✅ सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ और कराओके
📌 सम्मानित प्रमुख हस्तियाँ
👨⚕️ पूर्व अध्यक्ष
डॉ. आर.एन. चौरसिया, डॉ. वी.एस. राजपूत, डॉ. ए.के. श्रीवास्तव, डॉ. राजेश जैन, डॉ. संतोष कुमार, डॉ. अलका शर्मा, डॉ. अनुराग मेहरोत्रा सहित कई वरिष्ठ चिकित्सक।
🩺 पूर्व सचिव
डॉ. वी.के. कपूर, डॉ. राजेश अग्रवाल, डॉ. संजीव कुमार, डॉ. राहुल मिश्रा, डॉ. अमित सिंह गौर, डॉ. विकास मिश्रा एवं प्रो. डॉ. शालिनी मोहन।
📰 सम्मानित मीडिया प्रतिनिधि
दैनिक जागरण, हिंदुस्तान, अमर उजाला, आज, आईनेक्स्ट एवं अमृत विचार के वरिष्ठ पत्रकार और संपादक।
🩺 “स्वास्थ्य सेवा के साथ सामाजिक जिम्मेदारी निभाने का संकल्प”
समारोह में उपस्थित सभी सदस्यों ने चिकित्सा सेवा, जनस्वास्थ्य जागरूकता और सामाजिक उत्तरदायित्व को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
📍 आईएमए कानपुर
“114 वर्षों से सेवा, समर्पण और विश्वास का प्रतीक”

